झांसी। पृथक बुंदेलखंड राज्य के निर्माण की मांग को लेकर कुंवर सत्येन्द्र पाल सिंह, राष्ट्रीय अध्यक्ष, बुंदेलखंड क्रांति दल के नेतृत्व में गांधी पार्क, कचहरी चौराहा झांसी पर धरना-प्रदर्शन एवं सभा का आयोजन किया गया। इसके उपरांत प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी झांसी के माध्यम से दिया गया।
सभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष कुंवर सत्येन्द्र पाल सिंह ने कहा कि बुंदेलखंड के युवाओं के सामने रोजगार का गंभीर संकट है। क्षेत्र की खनिज संपदा का बड़े पैमाने पर दोहन होने के बावजूद इसका पर्याप्त लाभ यहां की जनता और युवाओं को नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड की खनिज संपदा, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और स्थानीय विकास से जुड़ी समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए पृथक बुंदेलखंड राज्य का निर्माण अत्यंत जरूरी है। अलग राज्य बनने से क्षेत्र के संसाधनों का उपयोग स्थानीय विकास और रोजगार सृजन के लिए बेहतर ढंग से किया जा सकेगा।
सभा को मो. नईम मंसूरी, राज सिंह शेखावत, प्रमोद सिंह एवं जगदीश विश्वकर्मा ने संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि बुंदेलखंड के विकास, रोजगार और संसाधनों पर स्थानीय अधिकार के लिए पृथक राज्य का निर्माण आवश्यक है।
बुंदेलखंड क्रांति दल द्वारा प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन में बुंदेलखंड राज्य के ऐतिहासिक एवं वर्तमान स्वरूप का उल्लेख करते हुए पृथक बुंदेलखंड राज्य के पुनर्निर्माण की मांग की गई। ज्ञापन में कहा गया कि 12 मार्च 1948 को 35 रियासतों को मिलाकर पृथक बुंदेलखंड एवं बघेलखंड राज्य का गठन किया गया था, जिसकी राजधानी नौगांव थी। लगभग आठ वर्ष बाद 1956 के राज्य पुनर्गठन के दौरान बुंदेलखंड क्षेत्र को उत्तर प्रदेश एवं मध्य प्रदेश में विभाजित कर दिया गया।
ज्ञापन में 27 अप्रैल 2014 को झांसी में लोकसभा चुनाव के दौरान उमा भारती जी द्वारा पृथक बुंदेलखंड राज्य के संबंध में किए गए वादे का उल्लेख करते हुए केंद्र सरकार से इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की गई।
ज्ञापन में बुंदेलखंड की जनसंख्या, विशाल भौगोलिक क्षेत्रफल और प्राकृतिक खनिज संपदा का उल्लेख करते हुए कहा गया कि क्षेत्र के संसाधनों का समुचित उपयोग बुंदेलखंड के विकास के लिए किया जाना चाहिए। साथ ही पृथक राज्य के गठन की प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने की मांग की गई।
कार्यक्रम में मो. नईम मंसूरी, मनसुख राय, आरिफ कमाल, मो. अज्जू खान, हनीफ खान, राज सिंह शेखावत, राजेंद्र सिंह चौहान, अलख प्रकाश साहू, कालीचरण श्रीवास, जगदीश विश्वकर्मा, देवेंद्र अहिरवार, प्रमोद सिंह शेखावत, लक्ष्मीनारायण श्रीवास, श्रीमती कुंती राय, जमीन हुसैन, दुर्गा प्रसाद, गुलाब सिंह चौहान, भरत राजा, शमशुद्दीन राय, खेमचंद्र कुशवाहा, जाकिर राइन, प्रेम कुशवाहा, लाला राम कुशवाहा, बृज किशोर, अनिल सिंह शेखावत, मुकेश राजपूत एवं दीपक सिंह परिहार सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का संचालन मो. नईम मंसूरी ने किया तथा राज सिंह शेखावत ने आभार व्यक्त किया।


